आमतौर पर एक सीधे–सादे व्यक्ति की सोच यही होती है कि उसे बदकिस्मती से पुलिस–स्टेशन या न्यायालय में न जाना पड़े, परन्तु कभी–कभार शांति पाने, कानून–व्यवस्था बनाए रखने या कुछ कानूनी उद्देश्यों को पूरा करने के लिए न चाहते हुए भी उसे इन स्थानों पर जाना ही पड़ता है. इसके अलावा वह कभी ट्रैफिक नियमों के चक्कर में फंस जाता है, तो कभी किसी झूठे आरोप में फंसा दिया जाता है. यह भी सही है कि प्रत्येक आदमी को सभी नियम–कानूनों की जानकारी नहीं होती, इस कारण से भी वह अनजाने में कानूनी चक्करों में उलझ जाता है या उलझा दिया जाता है, ऐसे में वह किंकर्त्तव्यविमूढ़ हो जाता है कि क्या करे? इन्हीं कानूनी मुश्किलों को जानने, उनका समाधान करने के नियम–कानूनों की सरल और संक्षिप्त जानकारी प्रस्तुत पुस्तक में वरिष्ठ जज द्वारा दी गयी है, जिसे पढ़कर आप अनेक कानूनी झंझटों से बच सकते हैं, उनका उचित समाधान ढूंढ सकते हैं. यह पुस्तक प्रत्येक व्यक्ति
के लिए उपयोगी है. आप भी अवश्य पढ़ें.
^ Top